भारत और न्यूज़ीलैंड के बीच खेली गई तीन मैचों की वनडे सीरीज अब इतिहास के पन्नों में दर्ज हो चुकी है। शुरुआती दो मुकाबलों के बाद सीरीज 1-1 से बराबरी पर थी, लेकिन तीसरे और निर्णायक वनडे में न्यूज़ीलैंड ने भारत को करारी शिकस्त देकर सीरीज 2-1 से अपने नाम कर ली। यह जीत सिर्फ एक सीरीज नहीं, बल्कि 37 साल पुराने सूखे का अंत किया है।
डेरिल मिचेल — कीवी जीत के असली हीरो
न्यूजीलैंड की तरफ से इस सीरीज में मुख्य भूमिका डेरिल मिचेल ने निभाई है। उन्होंने 3 मैचों की सीरीज में 2 शतक और 1 अर्धशतक लगाकर प्लेयर ऑफ द सीरीज रहे। डेरिल मिचेल ने 3 मैचों में क्रमशः 84,131 और 137 रन बनाए।
निर्णायक मुकाबला: टॉस से लेकर आखिरी गेंद तक रोमांच
न्यूजीलैंड की पारी
कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला लिया। न्यूजीलैंड ने पहले बल्लेबाजी करने आए , कान्वे और हेनरी निकोलस ने पहले विकेट के लिए मात्र 5 रन जोड़े। पहले विकेट के रूप में हेनरी निकोलस का विकेट गिरा। न्यूजीलैंड को दूसरा झटका भी 5 रन पर गिरा।
तीसरे विकेट के लिए 53 रन की साझेदारी हुई। इसके बाद डेरिल मिचेल और ग्लेन फिलिप्स के बीच 219 रनों की विस्फोटक साझेदारी हुई। दोनों के बल्ले से शतकीय पारी ने न्यूजीलैंड का स्कोर 50 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 337 रन पर पहुंचाया। डेरिल मिचेल की 137 रन और ग्लेन फिलिप्स 106 रनों की शतकीय पारी आयी।
भारतीय पारी: कोहली लड़े अकेले, टीम लड़खड़ाई
337 के विशाल स्कोर का पीछा करने उतरी भारतीय टीम ने पहले विकेट के लिए रोहित शर्मा और शुभमन गिल के बीच 28 रन की साझेदारी हुई। दूसरा विकेट 45 रन के स्कोर पर शुभमन गिल के रूप में गिरा। तीसरा विकेट श्रेयस अय्यर के रूप में 68 रन पर गिरा। चौथा विकेट kl rahul के रूप में 74 रन के स्कोर पर गिरा।
भारतीय पारी लड़खड़ा गई। लेकिन क्रीज पर खड़े थे विराट कोहली की शतकीय पारी ने भी भारतीय पारी को जीत न दिला सके। पांचवे विकेट लिए नीतीश कुमार रेड्डी और विराट कोहली के बीच 88 रन की साझेदारी हुई। पांचवां विकेट नीतीश कुमार रेड्डी के रूप में 159 के स्कोर पर गिरा।
इसके बाद विराट कोहली और हर्षित राणा के बीच 99 रनों की साझेदारी हुई। लेकिन इस साझेदारी के बावजूद भारतीय टीम इस मुकाबले को 41 रनों से हार गई ।
इतिहास रच गया न्यूज़ीलैंड
न्यूज़ीलैंड 1988 से भारत के खिलाफ वनडे क्रिकेट खेल रहा है।भारत में अब तक उसने 6 बार वनडे सीरीज गंवाई, लेकिन इस बार कहानी बदल गई।37 साल बाद पहली बार न्यूज़ीलैंड ने भारत में वनडे सीरीज जीती। कीवी टीम ने इतिहास रच दिया और भारतीय किले पर अजेय प्राप्त की है।




