वैभव सूर्यवंशी के नाम दर्ज हुआ बड़ा कीर्तिमान, सचिन का रिकॉर्ड हुआ ध्वस्त

15 साल 99 दिन की उम्र में वैभव सूर्यवंशी ने भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू कर सचिन तेंदुलकर का 37 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया और देश के सबसे युवा इंटरनेशनल डेब्यूटेंट बन गए।

भारतीय क्रिकेट को एक नया युवा सितारा मिल गया है। महज 15 साल और 99 दिन की उम्र में वैभव सूर्यवंशी ने भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू कर इतिहास रच दिया। इसके साथ ही उन्होंने महान बल्लेबाज़ सचिन तेंदुलकर का 37 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ दिया और भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए।

इस उपलब्धि ने भारतीय क्रिकेट में एक नए युग की शुरुआत का आगाज किया है। इतनी कम उम्र में राष्ट्रीय टीम तक पहुंचना किसी भी खिलाड़ी के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जाती है।Vaibhav suryavanshi youngest player to debut in international cricket

सबसे युवा भारतीय इंटरनेशनल डेब्यूटेंट

15 साल 99 दिन – वैभव सूर्यवंशी

16 साल 205 दिन – सचिन तेंदुलकर

17 साल 75 दिन – पियूष चावला

17 साल 118 दिन – एल. शिवरामकृष्णन

17 साल 152 दिन – पार्थिव पटेल

सचिन का रिकॉर्ड आखिरकार टूटा

साल 1989 में पाकिस्तान के खिलाफ डेब्यू करने वाले सचिन तेंदुलकर ने 16 साल 205 दिन की उम्र में भारतीय टीम के लिए पहला अंतरराष्ट्रीय मैच खेला था। यह रिकॉर्ड करीब 37 वर्षों तक कायम रहा। अब वैभव सूर्यवंशी ने उससे भी कम उम्र में भारत की जर्सी पहनकर नया इतिहास रच दिया है।

युवा प्रतिभाओं की नई मिसाल

भारतीय क्रिकेट में हर युवा खिलाड़ी का सपना होता है कि वह कितनी कम उम्र में भारत के लिए डेब्यू करे और अपने करियर को लंबे समय तक भारतीय के लिए खेले। सचिन तेंदुलकर, पियूष चावला, एल. शिवरामकृष्णन और पार्थिव पटेल जैसे खिलाड़ियों के बाद अब इस सूची में सबसे ऊपर वैभव सूर्यवंशी का नाम दर्ज हो गया है।

सभी की नजरें वैभव के भविष्य पर

रिकॉर्ड बनाना जितना मुश्किल होता है, उसे लंबे समय तक बनाए रखना उससे भी कठिन होता है। वैभव सूर्यवंशी ने अपने करियर की शुरुआत IPL एक विस्फोटक अंदाज में किया था। अब देखना दिलचस्प होगा, क्या वैभव सूर्यवंशी अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में वही विस्फोटक अंदाज में बल्लेबाजी करेंगे?

इतनी कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखकर वैभव सूर्यवंशी ने यह साबित कर दिया है कि प्रतिभा और मेहनत के दम पर उम्र सिर्फ एक संख्या बनकर रह जाती है। जहां वैभव के सामने बड़े सीनियर खिलाड़ी होंगे। अब वैभव सूर्यवंशी पर नज़रे सबकी होगीं,और देखना दिलचस्प होगा क्या वह अपने शानदार प्रदर्शन से सबका ध्यान अपनी ओर खींच पाएंगे?